delhi me kitne medical college hai? — यह सवाल हर साल लाखों NEET उम्मीदवारों और उनके परिवारों के मन में उठता है। देश की राजधानी दिल्ली न केवल शिक्षा का केंद्र है, बल्कि चिकित्सा शिक्षा के मामले में भी एक प्रमुख हब है। आइए, 2026 के अनुसार दिल्ली में मौजूद मेडिकल कॉलेजों की पूरी जानकारी, सीटों की संख्या, सरकारी-निजी वितरण और भविष्य के अवसरों के बारे में विस्तार से जानते हैं।
Table of Contents
दिल्ली में कितने मेडिकल कॉलेज हैं? – 2026 के आंकड़े
2026 तक, दिल्ली में कुल 13 मेडिकल कॉलेज हैं, जिनमें से 9 सरकारी और 4 निजी हैं। इन सभी कॉलेजों में MBBS की कुल लगभग 1,850 सीटें उपलब्ध हैं। यह आंकड़ा नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) के अधिकृत डेटा पर आधारित है।
दिल्ली के मेडिकल कॉलेज NEET-UG के माध्यम से प्रवेश देते हैं, और यहाँ के कई संस्थान जैसे AIIMS दिल्ली, MAMC, और LHMC देश भर में टॉप रैंकिंग वाले माने जाते हैं।
दिल्ली के प्रमुख मेडिकल कॉलेजों की सूची (2026)
| क्रम | मेडिकल कॉलेज का नाम | प्रकार | MBBS सीटें |
|---|---|---|---|
| 1 | All India Institute of Medical Sciences (AIIMS), नई दिल्ली | सरकारी | 132 |
| 2 | Maulana Azad Medical College (MAMC) | सरकारी | 250 |
| 3 | Lady Hardinge Medical College (LHMC) | सरकारी | 240 |
| 4 | University College of Medical Sciences (UCMS) | सरकारी | 250 |
| 5 | Vardhman Mahavir Medical College (VMMC) | सरकारी | 250 |
| 6 | North Delhi Municipal Corporation Medical College | सरकारी | 150 |
| 7 | Hindu Rao Hospital & NDMC Medical College | सरकारी | 150 |
| 8 | South Delhi Municipal Corporation Medical College | सरकारी | 150 |
| 9 | Deen Dayal Upadhyay Hospital & GMC | सरकारी | 150 |
| 10 | Hamdard Institute of Medical Sciences & Research | निजी | 150 |
| 11 | School of Medical Sciences & Research, Sharda University | निजी | 150 |
| 12 | Gauri Devi Memorial Medical College | निजी | 150 |
| 13 | Maharaja Agrasen Medical College (Affiliated) | निजी | 150 |
स्रोत: National Medical Commission (NMC) –
दिल्ली में कितने मेडिकल कॉलेज हैं? – सरकारी vs निजी
दिल्ली के मेडिकल कॉलेजों में सरकारी संस्थानों का दबदबा है। 9 सरकारी कॉलेजों में कुल 1,600+ MBBS सीटें हैं, जबकि 4 निजी कॉलेजों में केवल 600 सीटें हैं। हालांकि, निजी कॉलेजों की फीस काफी अधिक होती है—लगभग ₹10-15 लाख प्रति वर्ष—जबकि सरकारी कॉलेजों में यह केवल ₹10,000–₹50,000 प्रति वर्ष है।
यही कारण है कि NEET में अच्छे रैंक वाले छात्र सरकारी कॉलेजों को प्राथमिकता देते हैं। दिल्ली के सरकारी मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश पाना देश के किसी भी राज्य की तुलना में अधिक प्रतिस्पर्धी माना जाता है।
भविष्य में दिल्ली में नए मेडिकल कॉलेजों की संभावना
दिल्ली सरकार ने हाल ही में घोषणा की है कि अगले 3 वर्षों में दिल्ली में 2 नए सरकारी मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे। इससे MBBS सीटों में लगभग 300 की वृद्धि होगी। यह कदम चिकित्सा शिक्षा तक पहुंच को बढ़ाने और डॉक्टरों की कमी को दूर करने के लिए उठाया गया है।
अधिक जानकारी के लिए देखें: Delhi Government Health Department
छात्रों के लिए सुझाव: दिल्ली में MBBS करने के फायदे
- उच्च शिक्षा मानक: दिल्ली के मेडिकल कॉलेज NMC द्वारा मान्यता प्राप्त हैं और आधुनिक अवस्रन जैसे सिमुलेशन लैब, अनुसंधान केंद्र और बड़े अस्पतालों से जुड़े हैं।
- करियर अवसर: दिल्ली में पढ़ाई करने वाले छात्रों को AIIMS, PGIMER, और अन्य प्रतिष्ठित संस्थानों में PG करने के बेहतर अवसर मिलते हैं।
- सांस्कृतिक विविधता: देश भर के छात्र यहाँ आते हैं, जिससे एक समृद्ध शैक्षिक वातावरण बनता है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
Q1. क्या दिल्ली में MBBS के लिए आरक्षण है?
हाँ, दिल्ली के सरकारी कॉलेजों में 85% सीटें दिल्ली के छात्रों के लिए आरक्षित हैं, जबकि 15% All India Quota के तहत हैं।
Q2. NEET कटऑफ क्या है?
2025 में, दिल्ली के टॉप सरकारी कॉलेजों में प्रवेश के लिए NEET में 650+ अंक की आवश्यकता थी।
Q3. क्या निजी कॉलेजों में भी NEET अनिवार्य है?
हाँ, NMC के नियमों के अनुसार, सभी मेडिकल कॉलेजों में NEET अनिवार्य है।
अंतिम विचार
दिल्ली में कितने मेडिकल कॉलेज हैं? — यह सवाल केवल एक आंकड़ा नहीं, बल्कि लाखों छात्रों के सपनों का प्रतीक है। दिल्ली न केवल गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा शिक्षा प्रदान करती है, बल्कि भविष्य के डॉक्टरों को एक मजबूत आधार भी देती है। अगर आप NEET की तैयारी कर रहे हैं, तो दिल्ली के मेडिकल कॉलेज आपके लक्ष्य को पूरा करने का एक उत्कृष्ट मंच हो सकते हैं।
