North Delhi drain remodelling projects को दिल्ली सरकार से वित्तीय मंजूरी मिल गई है। इन परियोजनाओं पर ₹125 करोड़ से अधिक खर्च किए जाएंगे। यह काम उत्तर दिल्ली के उन इलाकों में किया जाएगा, जहां बीते कई वर्षों से बारिश के मौसम में जलभराव की समस्या बनी हुई है। आजादपुर, मुकुंदपुर चौक, मॉडल टाउन और मॉल रोड एक्सटेंशन जैसे इलाके इससे सबसे ज्यादा प्रभावित रहे हैं। स्थानीय लोगों के लिए यह फैसला रोजमर्रा की परेशानियों को कम करने वाला माना जा रहा है।
स्थानीय समस्या की पृष्ठभूमि (North Delhi drain remodelling projects)
उत्तर दिल्ली में जलभराव कोई नई समस्या नहीं है। हर साल मानसून के दौरान कई सड़कों पर पानी भर जाता है, जिससे यातायात बाधित होता है और दुकानों व घरों में पानी घुसने की शिकायतें सामने आती हैं। मॉल रोड एक्सटेंशन, आजादपुर मंडी के आसपास और मॉडल टाउन क्षेत्र में हालात ज्यादा खराब रहते हैं।
अब तक संबंधित एजेंसियां नालों की सफाई और अस्थायी मरम्मत जैसे कदम उठाती रही हैं, लेकिन ये उपाय स्थायी समाधान नहीं दे पाए। लगातार मिल रही शिकायतों के बाद इन इलाकों को Delhi drainage master plan के तहत दोबारा विकसित करने की जरूरत महसूस की गई।
मौजूदा स्थिति
मंजूर किए गए North Delhi drain remodelling projects को सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) लागू करेगा। PWD मंत्री Parvesh Sahib Singh के अनुसार, ये परियोजनाएं ड्रेनेज मास्टर प्लान के अनुरूप हैं और इनका उद्देश्य जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान करना है।
मंजूर की गई प्रमुख परियोजनाएं इस प्रकार हैं:
- आजादपुर H-पॉइंट से मुकुंदपुर चौक (मॉल रोड एक्सटेंशन)
- कुल लंबाई: 7.74 किलोमीटर
- अनुमानित लागत: ₹33.11 करोड़
- कैंप चौक से आजादपुर H-पॉइंट (मॉल रोड एक्सटेंशन)
- कुल लंबाई: 0.81 किलोमीटर
- अनुमानित लागत: ₹44.38 करोड़
- मॉडल टाउन-II, मॉडल टाउन-III और कुशल सिनेमा रोड
- कुल लंबाई: लगभग 8 किलोमीटर
- अनुमानित लागत: ₹48.13 करोड़
PWD अधिकारियों के अनुसार, इन नालों को इस तरह डिजाइन किया जाएगा कि वे आने वाले 30 वर्षों तक शहर की जरूरतों को पूरा कर सकें।
जमीनी आवाज़ें
आजादपुर मंडी के व्यापारी निशांत गुलाटी ने बताया कि हर साल मानसून के दौरान सड़क पर पानी भर जाता है, जिससे माल की आवाजाही बाधित होती है। उन्होंने कहा कि यदि नालों की सही तरीके से रीमॉडलिंग की जाए, तो इस समस्या में काफी हद तक कमी आ सकती है।
वहीं, मॉडल टाउन आरडब्ल्यूए के अध्यक्ष संजय गुप्ता ने कहा कि बारिश के समय कई बार सीवर का पानी भी सड़कों पर आ जाता है, जिससे स्थानीय लोगों के लिए स्वास्थ्य संबंधी जोखिम बढ़ जाते हैं।
दैनिक जीवन पर असर
उत्तर दिल्ली में जलभराव की वजह से:
- मुख्य सड़कों पर लंबा ट्रैफिक जाम
- आजादपुर मंडी में व्यापार प्रभावित
- घरों और दुकानों में पानी घुसने की समस्या
- मच्छरों और बीमारियों का खतरा
- स्कूल और ऑफिस जाने वालों को परेशानी
स्थानीय लोगों का कहना है कि हल्की बारिश में भी हालात बिगड़ जाते हैं।
स्थानीय आंकड़े / डेटा
उत्तर दिल्ली में ड्रेन रीमॉडलिंग परियोजनाओं का विवरण
| क्षेत्र | लंबाई | स्वीकृत बजट |
|---|---|---|
| आजादपुर H-पॉइंट से मुकुंदपुर चौक | 7.74 किमी | ₹33.11 करोड़ |
| कैंप चौक से आजादपुर H-पॉइंट | 0.81 किमी | ₹44.38 करोड़ |
| मॉडल टाउन-II, III व कुशल सिनेमा रोड | ~8 किमी | ₹48.13 करोड़ |
| कुल | — | ₹125+ करोड़ |
ड्रेनेज मास्टर प्लान के अनुसार, अगले तीन वर्षों में जलभराव की घटनाओं में 50 प्रतिशत तक कमी लाने का लक्ष्य रखा गया है।
निष्कर्ष
North Delhi drain remodelling projects से उत्तर दिल्ली के कई इलाकों में लंबे समय से चली आ रही जलभराव की समस्या से राहत मिलने की उम्मीद है। सरकार का कहना है कि काम चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा और सभी परियोजनाएं ड्रेनेज मास्टर प्लान 2025 के अनुसार होंगी। स्थानीय लोग अब समय पर काम शुरू होने और मानसून में हालात बेहतर होने की उम्मीद कर रहे हैं।
FAQs
Q1. North Delhi drain remodelling projects क्या हैं?
ये उत्तर दिल्ली में नालों को दोबारा डिजाइन करने और उनकी क्षमता बढ़ाने की PWD की परियोजनाएं हैं।
Q2. किन इलाकों को इसका सबसे ज्यादा लाभ मिलेगा?
आजादपुर, मुकुंदपुर चौक, मॉल रोड एक्सटेंशन और मॉडल टाउन क्षेत्रों को सीधा लाभ मिलने की संभावना है।
Q3. क्या इससे मानसून में जलभराव कम होगा?
सरकार का दावा है कि इन परियोजनाओं से आने वाले वर्षों में जलभराव की समस्या में उल्लेखनीय कमी आएगी।
